पूर्वी भारत में चक्रवात Arnab का लैंडफॉल; आसपास के इलाकों में भारी बारिश को लेकर कड़ी सतर्कता

24 घंटे में 200 mm से अधिक भारी बारिश की आशंका
बंगाल की खाड़ी के मध्य भाग में चक्रवात Arnab तेजी से विकसित हुआ और स्थानीय समय के अनुसार 26 तारीख सोमवार की देर रात भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के वर्गीकरण में Very Severe Cyclonic Storm की श्रेणी में पहुंच गया।
Weathernews के वैश्विक उष्णकटिबंधीय चक्रवातों पर नजर रखने वाले ग्लोबल स्टॉर्म सेंटर के विश्लेषण के अनुसार, स्थानीय समय के मुताबिक 28 तारीख बुधवार की भोर तक चक्रवात के केंद्र के आसपास अधिकतम हवा की रफ्तार 50 m/s तक पहुंचने का अनुमान था। चक्रवात आंध्र प्रदेश के तटीय इलाके में पहुंच गया।
चक्रवात के तट से टकराने के कारण तटीय इलाकों में कहीं-कहीं 24 घंटे में 200 mm से अधिक भारी बारिश और सामान्य ज्वार के स्तर से 1–2 m ऊंची तूफानी लहरों का अनुमान है।
बंदरगाह शहर विशाखापत्तनम में रेलवे के ऊंचे पुल के नीचे की सड़क जलमग्न हो गई, जिससे परिवहन नेटवर्क ठप हो गया। कोनासीमा जिले के अमलापुरम समेत अन्य जगहों पर भी तेज़ तूफान के कारण बिजली के खंभे गिर गए और बिजली आपूर्ति बाधित हुई। तटीय क्षेत्र में नुकसान की खबरें हैं।

सक्रिय वर्षा बादल ओडिशा और तेलंगाना के अंदरूनी इलाकों की ओर बढ़ेंगे
Weathernews के पूर्वानुमान के अनुसार, चक्रवात तट से टकराने के बाद अंतर्देशीय इलाकों की ओर बढ़ते हुए धीरे-धीरे कमजोर होगा। हालांकि, 28 तारीख बुधवार भर सक्रिय वर्षा बादल छाए रहने और तेज़ बारिश तथा तेज़ हवाएं जारी रहने का अनुमान है।
चक्रवात के उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने के साथ अब ओडिशा के दक्षिणी हिस्सों, तेलंगाना और छत्तीसगढ़ जैसे अंदरूनी इलाकों में भी भारी बारिश की आशंका है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है और नदियों का जलस्तर बढ़ने, उफान तथा बाढ़ की आशंका को देखते हुए लोगों से स्थानीय प्रशासन के निकासी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।




